
Ethernet केबल को मोड़ना अपने आप में कोई समस्या नहीं है. परेशानी तब होती है, जब उसे उसकी सुरक्षित सीमा से ज्यादा मोड़ दिया जाता है. ऐसा करने पर इंटरनेट की स्पीड कम हो सकती है और कनेक्शन बार-बार बाधित हो सकता है. ऐसे में केबल को लगाते समय इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि उस पर जरूरत से ज्यादा दबाव न पड़े.

Ethernet केबल को सुरक्षित तरीके से मोड़ने की सीमा को Bend Radius कहा जाता है. यह बताता है कि केबल को कितनी मजबूती से मोड़ा जा सकता है, जिससे डेटा ट्रांसमिशन प्रभावित न हो और केबल को नुकसान पहुंचने का खतरा न बढ़े.

सभी Ethernet केबल को एक ही तरीके से नहीं मोड़ा जा सकता है. इनकी बनावट के आधार पर Bend Radius अलग-अलग हो सकता है. जैसे बिना शील्ड वाली Ethernet केबल का Bend Radius आमतौर पर शील्ड वाली केबल से कम होता है. इसी तरह स्ट्रैंडेड केबल की तुलना में सॉलिड केबल का Bend Radius आमतौर पर ज्यादा होता है.

केबल की सुरक्षित सीमा जानने के लिए निर्माता की ओर से दी गई स्पेसिफिकेशन देखनी चाहिए. आमतौर पर Ethernet केबल का Bend Radius उसके बाहरी डायमीटर का 4 से 8 गुना हो सकता है. वहीं फाइबर ऑप्टिक केबल के लिए यह सीमा सामान्य तौर पर बाहरी डायमीटर का 10 गुना होती है.

अगर किसी Ethernet केबल का बाहरी डायमीटर 6 mm है और उसका Bend Radius 5 गुना तय है. ऐसे में इसका सुरक्षित Bend Radius 30 mm होगा. इस केबल को गोल साइज में मोड़ने पर सर्कल का डायमीटर 60 mm होगा.यानी तय सीमा के अंदर केबल को इस साइज में मोड़ा जा सकता है.

अगर केबल को किसी कम जगह से निकालना है, तो उसे जबरदस्ती मोड़ने से बचें. निर्माता की बताई सीमा से ज्यादा मोड़ने पर इंटरनेट स्पीड और कनेक्शन की स्थिरता प्रभावित हो सकती है. इससे क्रॉसटॉक और सिग्नल इंटरफेरेंस की आशंका भी बढ़ती है., लंबे समय तक जरूरत से ज्यादा मुड़ी रहने पर केबल को स्थायी नुकसान पहुंच सकता है. सही केबल मैनेजमेंट से उसकी परफॉर्मेंस और टिकाऊपन बनाए रखने में मदद मिलती है.
Published at : 28 Oct 2026 10:19 PM (IST)
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