लंदन स्थित प्रसिद्ध कंज्यूमर टेक ब्रांड ‘नथिंग’ (Nothing) के संस्थापक कार्ल पेई ने भारत के टेक मार्केट को लेकर एक बड़ा और ऐतिहासिक एलान किया है. नथिंग का लोकप्रिय सब-ब्रांड ‘CMF’ (CMF by Nothing) अब नथिंग से अलग होकर एक स्वतंत्र और पूरी तरह से भारतीय कंपनी बनने जा रहा है.
चीन और कोरिया की तर्ज पर अब भारत की बारी
कार्ल पेई ने सोशल मीडिया पर इस बदलाव की जानकारी देते हुए लिखा कि चीन, जापान और कोरिया जैसे देशों ने जब कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स का बड़े पैमाने पर निर्माण शुरू किया, तो उन्होंने दुनिया को दिग्गज ग्लोबल ब्रांड दिए. भारत इस वक्त दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा स्मार्टफोन निर्माता बन चुका है और उसके पास दुनिया की सबसे युवा आबादी और बेहतरीन सॉफ्टवेयर टैलेंट है. हालांकि, भारत के पास अभी तक अपना खुद का कोई बड़ा ग्लोबल कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स ब्रांड नहीं है, लेकिन अब यह तस्वीर बदलने वाली है.
Every country that has manufactured consumer electronics at scale eventually produces its own global champions. I wrote down my thoughts on why India Is inevitable: https://t.co/KKcY26wUr6
— Carl Pei (@getpeid) September 21, 2026
भारत में ही होगी रिसर्च और डिजाइनिंग
पेई का कहना है कि किसी भी कंपनी को लंबे समय तक टिकाए रखने के लिए मजबूत रिसर्च एंड डेवलपमेंट (R&D) की जरूरत होती है. CMF अब भारत में केवल असेंबलिंग तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसके प्रोडक्ट्स की डिजाइनिंग, इंजीनियरिंग और रिसर्च सब कुछ भारत में मौजूद टीम ही करेगी. कंपनी का लक्ष्य भारत से इन प्रोडक्ट्स को वैश्विक स्तर पर 100 गुना बड़ा बनाना है.
भारतीयों के पास होगी बहुसंख्यक हिस्सेदारी
इस नई व्यवस्था के तहत CMF का मुख्यालय (Headquarters) भारत में ही होगा और इसकी बहुसंख्यक हिस्सेदारी (Majority Ownership) भारतीयों के पास रहेगी. नथिंग इस नई भारतीय कंपनी में केवल एक शेयरहोल्डर और पार्टनर की भूमिका में रहेगा. कंपनी का मानना है कि यह कदम भारत को कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स के क्षेत्र में दुनिया का अगला लीडर बनाने में अहम भूमिका निभाएगा.
यह भी पढ़ें: Samsung का One UI 9 अपडेट, अब galaxy phones में मिलेंगे ये धांसू फीचर्स
पॉइंट्स से समझें पूरी बात
CMF अब नथिंग से अलग होगी: यह सिर्फ एक विदेशी ब्रांड का सब-ब्रांड नहीं रहेगा, बल्कि इसकी बहुसंख्यक हिस्सेदारी भारतीयों के पास होगी और इसका मुख्यालय भी भारत में ही होगा.
भारत में बनेगी और रिसर्च (R&D) होगी: अब CMF के प्रोडक्ट्स सिर्फ भारत में असेंबल नहीं होंगे, बल्कि उनकी डिजाइनिंग और इंजीनियरिंग (R&D) भी भारत में ही भारतीय टीम द्वारा की जाएगी.
नथिंग केवल पार्टनर रहेगा: ‘Nothing’ कंपनी इसमें सिर्फ एक शेयरहोल्डर और पार्टनर के रूप में जुड़ी रहेगी.
कारण: कार्ल पेई का मानना है कि चीन, जापान और कोरिया की तरह भारत अगला ग्लोबल इलेक्ट्रॉनिक्स हब बनने जा रहा है, लेकिन भारत के पास अभी अपना कोई ग्लोबल कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स ब्रांड नहीं है. CMF उसी कमी को पूरा करने का काम करेगा.
यह भी पढ़ें: मैप में देखना चाहते हैं अपने घर का लुक? ये सेटिंग कर लें ऑन
