Home Business West Bengal: अवैध मकान मामले में हुमायूं कबीर की पत्नी को नोटिस...

West Bengal: अवैध मकान मामले में हुमायूं कबीर की पत्नी को नोटिस जारी, 7 दिन के भीतर मांगा जवाब

0

West Bengal News: पश्चिम बंगाल में सस्पेंडेड तृणमूल नेता हुमायूं कबीर की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं. जला जमीन बुझाकर अवैध रूप से घर बनाने के आरोप में अब उनकी पत्नी मीरा सुल्ताना को राज्य के भूमि और भूमि सुधार विभाग की ओर से नोटिस भेजा गया है. विभाग ने मीरा सुल्ताना से सात दिनों के भीतर जवाब मांगा है. यह कार्रवाई अदालत के आदेश पर उनकी बेटी के ससुराल की संपत्ति जब्त होने के बाद की गई है.

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, मामला बेलडांगा 2 ब्लॉक के नारकेलबाड़ी इलाके से जुड़ा है, जहां हुमायूं कबीर का आवास स्थित है. आरोप है कि इस मकान का निर्माण भूमि के चरित्र को नियमों के खिलाफ बदलकर किया गया और इसके लिए किसी भी संबंधित विभाग से अनुमति नहीं ली गई थी. इसी आधार पर भूमि और भूमि सुधार विभाग ने हुमायूं कबीर की पत्नी मीरा सुल्ताना को नोटिस जारी किया है.

2003 में बना मकान, अब नोटिस क्यों?

इस पूरे मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए हुमायूं कबीर ने कहा कि यह मकान साल 2003 में बनाया गया था और इतने सालों बाद प्रशासन के नोटिस भेजे जाने पर वह जवाब देंगे. उन्होंने दावा किया कि इस घर में बिजली का नियमित बिल आता है और सभी जरूरी कागजात मौजूद हैं.

इस विवाद के बीच हुमायूं कबीर ने अपने दामाद और तृणमूल कांग्रेस को लेकर सनसनीखेज आरोप भी लगाए हैं. उन्होंने कहा कि एक ओर उनकी संपत्तियां जब्त की जा रही हैं, वहीं दूसरी ओर मालदा के एक व्यक्ति, जो उनके दामाद का रिश्तेदार है, को लालगोला विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाए जाने की चर्चा चल रही है. हुमायूं कबीर ने इसे पार्टी की दोहरी नीति बताया.

राजनीति में बढ़ी हलचल, अरबुल इस्लाम पर बयान

इसके अलावा उन्होंने भांगड़ के निष्कासित नेता अरबुल इस्लाम को लेकर भी बयान दिया. उन्होंने कहा कि अरबुल इस्लाम उनसे कई बार मिलने आए हैं और उनके कई राजनीतिक सपने हैं. हालांकि, इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया के लिए संपर्क किए जाने पर अरबुल इस्लाम ने कोई टिप्पणी नहीं की.

पूरे घटनाक्रम से राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है और प्रशासनिक कार्रवाई के साथ-साथ हुमायूं कबीर के बयानों ने सियासी माहौल को और गरमा दिया है. फिलहाल सभी की नजरें मीरा सुल्ताना के जवाब और विभाग की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं.

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version