Sunday, February 15, 2026
spot_img
HomeBusiness'तमिलनाडु में पावर शेयरिंग जरूरी', एमके स्टालिन के मना करने के बाद...

‘तमिलनाडु में पावर शेयरिंग जरूरी’, एमके स्टालिन के मना करने के बाद भी कांग्रेस का DMK के साथ गठबंधन पर जोर

कांग्रेस ने तमिलनाडु में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक बिसात बिछाना शुरू कर दी है. कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर ने शनिवार को एमके स्टालिन का डीएमके के साथ गठबंधन को लेकर जोर दिया है. उन्होंने कहा है कि कांग्रेस पार्टी उन सीटों को जीतना चाहती है, जो डीएमके 2021 के चुनाव में हार गई थी. साथ ही राज्य में पावर शेयरिंग पर जोर कांग्रेस की तरफ से दिया गया है. हालांकि, कुछ दिन पहले डीएमके ने किसी तरह की पावर शेयरिंग की संभावनाओं को नकार दिया था. 

कांग्रेस नेता मणिकम की ये प्रतिक्रिया डीएमके नेता और राज्य मंत्री आरएस राजा कन्नप्पन के 13 फरवरी को मदुरै में दिए बयान पर आई है. इसमें उन्होंने कहा था कि डीएमके आने वाले चुनाव में 170 सीटों पर लड़ेगी और 160 सीटें जीतेगी. 

मणिकम टैगोर ने पोस्ट में क्या कहा?

इस पर प्रतिक्रिया देते हुए विरुधुनगर से एमपी टैगोर ने एक्स पर पोस्ट किया. उन्होंने कहा, ‘2021 में आपने 173 सीटों पर चुनाव लड़ा. 133 सीटें हासिल कीं. हम वे सीटें मांग रहे हैं, जिन्हें आप जीतने में नाकाम रहे हैं. राज्य में पावर शेयरिंग जरूरी है. पावर में हिस्सेदारी हमारा अधिकार है. लोग तय करेंगे.’

इस दौरान उन्होंने राजा कन्नप्पन के भाषण का एक वीडियो भी शेयर किया. हालांकि, कन्नप्पन ने ऐसी किसी भी संभावनाओं को नकारते हुए 160 सीटें जीतने का दावा किया है.’ 

गठबंधन से डीएमके के स्टालिन ने किया था इनकार

दरअसल, तमिलनाडु में 234 सीटें हैं. डीएमके और कांग्रेस गठबंधन ने 2021 के चुनावों में 151 सीटें जीती थीं. हालांकि, स्टालिन ने हाल ही में कुछ वक्त पहले किसी भी तरह के गठबंधन से इनकार कर दिया था. 

स्टालिन ने कहा, ‘हम यह भी जानते हैं कि यह तमिलनाडु में काम नहीं करेगा. वह भी यह जानते हैं. यह कुछ लोगों की बनाई हुई समस्या है. वे जानबूझकर साजिश कर रहे हैं कि इंडिया अलायंस में दरार तो नहीं आएगी. हमें इसकी चिंता नहीं है. राहुल गांधी भी परेशान नहीं हैं.’

कांग्रेस और डीएमके शुरू करेंगे गठबंधन पर बातचीत

इधर, तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सेल्वापेरुंथगई ने चेन्नई में घोषणा की कि कांग्रेस और डीएमके के बीच औपचारिक गठबंधन पर बातचीत 22 फरवरी से शुरू होगी. बीजेपी की तरफ से इंडिया गठबंधन को कमजोर करने की कोशिश के बावजूद भी इंडिया ब्लॉक एकजुट रहा. 

इधर, सेल्वापेरुंथगई ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया बहुत आसानी से चल रही है. हम इस पर बातचीत 22 फरवरी से शुरू करने जा रहे हैं. बीजेपी सोच रही है, वहां कुछ नहीं होगा. 

उन्होंने कहा कि बीजेपी वोट बैंक को बांटने के लिए इंडिया अलायंस से किसी को भी बाहर निकालना चाहती है, लेकिन ऐसा नहीं होगा. हम अलायंस के साथ हैं. 

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments