बेंगलुरु से एक बार फिर दिल दहलाने वाली खबर सामने आई है. यहां जिले के होस्कोटे तालुक में शुक्रवार शाम को असम के चार मजदूर मृत पाए गए. पुलिस को आशंका है कि इन सभी की मौत कार्बन मोनो ऑक्साइड गैस के जहरीले धुएं से दम घुटने से हुई है. मामला सुलिबेले पुलिस थाने का बताया जा रहा है. मृतकों की पहचान जयंत, धनंजय, निरेंद्रनाथ और तायदे के तौर पर हुई है. चारों एक वेयर हाउस में लोडर के तौर पर काम करते थे. वह होस्कोटे इलाके में एक छोटे से कमरे के मकान में रहते थे.
कमरे में चावल बना रहे थे मजदूर, उसी दौरान हो गया हादसा
शुरुआती जांच में बेंगलुरु पुलिस ने बताया कि हादसा उस समय हुआ, जब चारों कमरे के भीतर गैस चूल्हे पर चावल बना रहे थे. कमरे में हवा निकासी की उचित व्यवस्था नहीं थी. मकान की इकलौती खिड़की भी बंद थी. इससे जहरीली गैस अंदर जमा होती चली गई. साथ ही दम घुटने की स्थिति बन गई.
मृतकों के दोस्त पहुंचा तो हुआ हादसे का खुलासा
घटना का खुलासा उस दौरान हुआ, जब मृतकों का एक दोस्त उनसे मिलने उनके कमरे में पहुंचा था. बार-बार दरवाजा खटखटाने के बाद भी किसी तरह की प्रतिक्रिया न मिलने पर खिड़की को खोला गया. अंदर का नजारा देख सब सन्न रह गए. चारों मजदूर फर्श पर बेसुध हालत में पड़े थे.
शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है
जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची. शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. पुलिस ने फिलहाल कहा है कि मृतकों की मौत की सही पुष्टी के लिए पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है. यह घटना शहरी इलाकों में मजदूरों की हालत पर सवाल खड़े करती है.



