देश के दो राज्यों असम, केरलम और साथ में केंद्र शासित प्रदेश पुड्डुचेरी में चल रहे विधानसभा चुनाव 2026 को लेकर 9 अप्रैल 2026 यानी गुरुवार को चल रही वोटिंग शाम 6 बजे तक थम गई है. अब मतदाता पेटी में कई धुरंधरों की किस्मत कैद हो गई है. चुनाव आयोग ने ईवीएम और वीवीपेट सील करना शुरू कर दिए हैं. चुनाव आयोग के अनुसार शाम 5 बजे तक असम में 84.42%, केरलम में 75.01% और पुडुचेरी में 86.92% वोटिंग हुई.
पुड्डुचेरी में सीएम रंगास्वामी ने वोट डाला, केरल में रक्षामंत्री एके एंटनी वोट डाला. इसके अलावा असम सीएम हिमंता बिस्वा सरमा ने कामाख्या मंदिर में पूजा की, साथ ही पत्नी के साथ जालुकबाड़ी में वोट डाला. अब सभी को 4 मई का इंतजार है, जब इन राज्यों के चुनाव नतीजे सामने आएंगे.
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा 2026 के विधानसभा चुनावों को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि Assam, Kerala और Puducherry में हुए विधानसभा चुनाव न केवल भारत बल्कि पूरी दुनिया के लोकतंत्र के लिए एक ऐतिहासिक उदाहरण हैं. उन्होंने Election Commission of India की ओर से इन राज्यों के सभी मतदाताओं को इस उपलब्धि के लिए बधाई दी और कहा कि यह लोकतांत्रिक भागीदारी का एक शानदार प्रदर्शन है. सीईसी ने अपने संदेश में “चुनाव का पर्व, मतदाता का गर्व” का उल्लेख करते हुए नागरिकों की सक्रिय भागीदारी और लोकतंत्र के प्रति उनके समर्पण को सराहा.
असम की इन सीटों पर नजर
अगर असम की बात करें तो यहां 3 बड़ी सीटें, जिनपर सभी की निगाहें हैं. इनमें पहली चर्चित सीट जलुकबाड़ी विधानसभा है. यहां से बीजेपी उम्मीदवार और असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा चुनावी मैदान में हैं. उनके खिलाफ बिदिशा नियोग कांग्रेस से मैदान में उतरीं हैं. यहां से लगातार पांच बार से हिमंता चुनाव जीत रहे हैं. यह बीजेपी का गढ़ माना जाता है.
दिसपुर में भाजपा के उम्मीदवार प्रद्युत बोरदोलोई चुनावी मैदान में हैं. यहां से कांग्रेस ने मीरा बोरठाठाकुर को चुनावी मैदान में उतारा है. यह कांग्रेस की पारंपरिक सीट रही है, लेकिन फिलहाल बीजेपी का दबदबा है.
असम की तीसरी सीट जोरहाट पर भी सभी की निगाहें हैं. यहां से हितेंद्र नाथ गोस्वामी बीजेपी से चुनाव लड़ रहे हैं. तो गौरव गोगोई कांग्रेस से चुनावी मैदान में हैं. गोगोई पहली बार विधानसभा चुनाव लड़ रहे हैं.
केरल की इन सीटों पर नजर
केरल की दो बड़ी सीटें हैं, जिनपर सभी की निगाहें हैं. नेमोम सीट से बीजेपी उम्मीदवार राजीव चंद्रशेखर चुनावी मैदान में हैं. उनके खिलाफ वी. शिवनकुट्टी सीपीआईएम से चुनाव लड़ रहे हैं.
धर्मदम सीट से बीजेपी के सीके पद्मनाभन चुनावी मैदान में हैं. सीपीआईएम उम्मीदवार पिनाराई विजयन चुनावी मैदान में हैं.
पुड्डुचेरी में बीजेपी दोहरा पाएगी अपनी गठबंधन सरकार?
अगर पुड्डुचेरी की बात करें तो यहां 30 विधानसभा सीटें हैं. यहां 20 पार्टियों के 294 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं. सभी की किस्मत ईवीएम और वीवीपेट में कैद हो गई है. पुड्डचेरी की राजनीति हमेशा से गठबंधन की रही है. यहां कभी बीजेपी भारी रही तो कभी कांग्रेस ने अपना दबदबा बनाए रखा. यहां फिलहाल बीजेपी और एआईएनआरसी गबंधन की सरकार है. उनके पास कुल 16 सीट हैं. देखना दिलचस्प होगा कि क्या इस बार बीजेपी गठबंधन इस चुनाव में अपनी जीत को दोहरा पाएगा.
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