मोइनाबाद फार्महाउस ड्रग पार्टी कांड में अपनी पार्टी के पूर्व विधायक पायलट रोहित रेड्डी के नाम सामने आने के बाद BRS प्रमुख के. चंद्रशेखर राव ने कड़ा रुख अख्तियार किया है. पार्टी अध्यक्ष KCR के निर्देश पर BRS ने पूर्व विधायक पायलट रोहित रेड्डी को ड्रग सेवन के आरोपों पर औपचारिक शोकॉज नोटिस जारी किया है. नोटिस में रोहित रेड्डी को सात दिनों के भीतर मीडिया में आए आरोपों पर विस्तृत लिखित स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया गया है. पार्टी ने यह भी स्पष्ट किया है कि अंतिम निर्णय आने तक रोहित रेड्डी पार्टी और आधिकारिक गतिविधियों में हिस्सा नहीं ले सकते.
BRS ने बयान में कहा कि ये आरोप जनता में चिंता पैदा करते हैं और पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचाते हैं. पार्टी ने स्पष्ट किया कि वह किसी भी अवैध गतिविधि, जिसमें नशीले पदार्थ शामिल हैं का पूरी तरह विरोध करती है. नोटिस में यह भी जोड़ा गया है कि तय समय सीमा में जवाब न देने पर पार्टी के नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी.
वारदात के तीन दिन बाद आया नोटिस
यह नोटिस उस वारदात के तीन दिन बाद आया है, जिसने तेलंगाना की राजनीति को हिलाकर रख दिया. 14 मार्च की रात EAGLE टीम ने मोइनाबाद स्थित रोहित रेड्डी के फार्महाउस पर छापा मारा जहां करीब 2 ग्राम कोकेन, एक 32 बोर रिवॉल्वर बरामद हुई और 11 लोग हिरासत में लिए गए. प्रारंभिक यूरिन टेस्ट में 5 और अगले दिन ब्लड टेस्ट में कुल छह लोग ड्रग पॉज़िटिव पाए गए, जिनमें रोहित रेड्डी खुद और TDP के एलुरु MP पुट्टा महेश कुमार भी शामिल थे.
चंद्रबाबू नायडू के निर्देश पर नोटिस जारी
BRS अकेली नहीं जिसने अपने नेता को नोटिस दिया. चंद्रबाबू नायडू के निर्देश पर TDP की आंध्र प्रदेश इकाई के अध्यक्ष पल्ला श्रीनिवास राव ने भी MP पुट्टा महेश कुमार को 5 दिन के भीतर लिखित स्पष्टीकरण देने का नोटिस जारी किया और उन्हें पार्टी गतिविधियों से दूर रहने को कहा. रोहित रेड्डी BRS के लिए पहले से ही एक विवादास्पद शख्सियत रहे हैं. 2022 में इसी फार्म हाउस में BRS विधायकों की कथित खरीद-फरोख्त का भंडाफोड़ कर वे पार्टी के हीरो बने थे, लेकिन 2023 के विधानसभा चुनाव में तंदूर से हार गए. अब यह ड्रग कांड उनके और पार्टी दोनों के लिए सबसे बड़ा राजनीतिक संकट बन गया है.



