फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने भारत की तारीफों के पुल बांध दिए. मुंबई में इंडिया-फ्रांस इनोवेशन फोरम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि दुनिया की कई बड़ी कंपनियों के CEO भारतीय हैं और यह कोई संयोग नहीं, बल्कि भारत की टैलेंट की ताकत का सबूत है. यह साझेदारी केवल रणनीतिक नहीं है. आज के अशांत दौर में यह वैश्विक स्थिरता और वैश्विक प्रगति की साझेदारी है.
मैक्रों ने भारत की जमकर तारीफ की
मैक्रों ने कहा, ‘अल्फाबेट का CEO भारतीय है. माइक्रोसॉफ्ट का CEO भारतीय है. IBM का CEO भारतीय है. एडोब का CEO भारतीय है. पालो अल्टो नेटवर्क्स का CEO भारतीय है और चैनल का CEO कोल्हापुर से है. यहीं महाराष्ट्र से. भारत सिर्फ ग्लोबल इनोवेशन में हिस्सा नहीं लेता; भारत इसे लीड करता है.’
यह बातें 17 फरवरी 2026 को मुंबई में हुईं, जहां इमैनुएल मैक्रों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एकसाथ थे. फोरम में दोनों नेताओं ने इंडिया-फ्रांस ईयर ऑफ इनोवेशन 2026 का शुभारंभ किया. मैक्रों ने भारत की ‘विशाल टैलेंट पूल’ की तारीफ की और कहा कि भारत अपनी बड़ी आबादी के लिए आइडियाज को स्केल करने की क्षमता रखता है. उन्होंने खासतौर पर महाराष्ट्र का जिक्र किया, जहां चैनल की CEO कोल्हापुर से हैं, यह सुनकर वहां मौजूद लोगों ने तालियां बजाईं.
भारत ग्लोबल इनोवेशन का लीडर: मैक्रों
मैक्रों ने आगे कहा, ‘भारत ग्लोबल इनोवेशन का लीडर है. यह सिर्फ भागीदारी नहीं, लीडरशिप है.’ उनके इस बयान पर PM मोदी मुस्कुराते नजर आए. मोदी ने जवाब में कहा कि भारत-फ्रांस पार्टनरशिप आज ‘स्पेशल ग्लोबल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप’ बन गई है. उन्होंने कहा, ‘दुनिया अनिश्चितता से गुजर रही है. ऐसे में भारत-फ्रांस की साझेदारी ग्लोबल स्टेबिलिटी की ताकत है. हम फ्रांस की एक्सपर्टीज और भारत की स्केल को जोड़ रहे हैं.’
भारत AI, टेक और इनोवेशन में आगे बढ़ रहा
मैक्रों की यह तारीफ ऐसे समय आई है जब भारत AI, टेक और इनोवेशन में तेजी से आगे बढ़ रहा है. उनकी तीन दिवसीय यात्रा (17-19 फरवरी 2026) में राफेल डील, डिफेंस और क्रिटिकल मिनरल्स पर भी बड़ी बातें हुईं. लेकिन इनोवेशन फोरम में उनका फोकस भारतीय टैलेंट पर था, जो दुनिया भर में कंपनियां चला रहा है.
PM मोदी ने मीडिया से कहा, ‘विश्व अनिश्चितता के दौर से गुजर रहा है. ऐसे वातावरण में भारत-फ्रांस साझेदारी वैश्विक स्थिरता की एक मजबूत शक्ति है. हम फ्रांस की विशेषज्ञता और भारत की विशाल क्षमता का संयोजन कर रहे हैं. दोनों देशों के बीच अत्यंत विशेष संबंध हैं और फ्रांस भारत के सबसे पुराने रणनीतिक साझेदारों में से एक है.’
PM मोदी ने आगे कहा, ‘राष्ट्रपति मैक्रों के साथ मिलकर हमने इस रणनीतिक साझेदारी को अभूतपूर्व गहराई और ऊर्जा प्रदान की है. इसी विश्वास और साझा दृष्टिकोण के आधार पर आज हम अपने संबंधों को विशेष वैश्विक रणनीतिक साझेदारी के रूप में स्थापित कर रहे हैं.’



