कोलकाता में राजनीतिक कंसल्टेंसी फर्म इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमिटी (I-PAC) से जुड़े ठिकानों पर ED की छापेमारी को लेकर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और TMC प्रमुख ममता बनर्जी ने ईडी पर निशाना साधा है. उन्होंने ईडी पर तृणमूल कांग्रेस (TMC) के पार्टी संबंधी दस्तावेजों को चुराने का आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि ईडी उनके पार्टी कार्यालय से दस्तावेज उठा रही थी. ममता बनर्जी की ओर से आरोप लगाए जाने के बाद अब प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने इसे लेकर एक आधिकारिक बयान जारी किया है.
सूत्रों के मुताबिक, ED ने साफ कहा है कि ये कार्रवाई किसी राजनीतिक पार्टी पर टारगेट नहीं है, बल्कि केस से जुड़े सबूतों की बुनियाद पर हो रही है. ये मामला लंबे समय से जांच में है और एजेंसी इसे प्रोसेस के हिसाब से आगे बढ़ा रही है. ED के मुताबिक, ईडी की टीम पश्चिम बंगाल में 6 और दिल्ली में 4 जगहों पर रेड कर रही है. ये लोकेशन उस अवैध कोयला तस्करी केस से जुड़ी है, जिसमें कैश जनरेशन, हवाला ट्रांसफर और मनी रूट की जांच हो रही है.
छापेमारी का चुनावों से कोई लेना-देना नहीं: ईडी
एजेंसी ने साफ बताया कि ED किसी भी राजनीतिक पार्टी के दफ्तर में नहीं गई. छापेमारी सिर्फ उन जगहों पर की गई है, जो इस केस से जुड़े हैं. छापेमारी का चुनावों से कोई लेना-देना नहीं, बल्कि ये मनी लॉन्ड्रिंग पर नियमित कार्रवाई है, जैसा कि देशभर में समय-समय पर होता रहता है.
संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों ने पोजिशन का किया गलत इस्तेमाल
ED के मुताबिक, पूरा ऑपरेशन कानूनी प्रावधानों के तहत हुआ है. इतना ही नहीं, बल्कि इससे भी बड़ी बात ये है कि छापेमारी के दौरान कुछ लोग (जिनमें संवैधानिक पद पर बैठे लोग भी शामिल हैं) दो जगह पहुंचे और अपनी पोजिशन का गलत इस्तेमाल करते हुए अंदर घुस आए और ईडी के दस्तावेज जबरदस्ती छीन लिए. ईडी ने कहा कि मामले की जांच जारी है.
ममता बनर्जी ने क्या लगाए आरोप?
दरअसल, ईडी की टीम ने गुरुवार (8 जनवरी, 2026) को सेंट्रल कोलकाता में I-PAC के सीनियर अधिकारी प्रतीक जैन के आवास और सॉल्ट लेक सेक्टर-5 स्थित गोदरेज वाटरसाइड बिल्डिंग में फर्म के ऑफिस में छापेमारी की. ईडी की कार्रवाई के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एजेंसी पर दस्तावेजों की चोरी का आरोप लगाते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर भी निशाना साधा. उन्होंने कहा कि यह पूरी कार्रवाई उस शरारती गृह मंत्री के इशारे पर करवाई गई है, जो देश को सुरक्षित नहीं रख पा रहे हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार TMC के उम्मीदवारों की सूची, पार्टी की रणनीति और आंतरिक योजनाओं को इकट्ठा करना चाहती है.
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